राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा रायपुर के ऐतिहासिक व प्रसिद्ध तेलीबाँधा चौक का नाम बदले जाने के निर्णय पर साहू समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है। अखिल भारतीय तैलिक महासभा (नई दिल्ली) युवा प्रकोष्ठ के कार्यकारिणी सदस्य ओमप्रकाश साहू ने इस फैसले का पुरजोर विरोध करते हुए इसे समाज के आत्मसम्मान पर सीधा आघात बताया है।
ओमप्रकाश साहू ने प्रेस को जारी अपने बयान में सीधे शब्दों में कहा, “तेलीबाँधा सिर्फ एक चौक का नाम नहीं है। यह साहू समाज की ऐतिहासिक पहचान, मान-सम्मान, गौरव और हमारे पुरखों के स्वाभिमान का प्रतीक है। इसे किसी भी कीमत पर बदलने नहीं दिया जाएगा।”
समाज की भावनाओं से खिलवाड़ न करे सरकार
युवा नेता ओमप्रकाश साहू ने राज्य सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय साहू समाज की आस्था और भावनाओं के साथ खिलवाड़ करने का प्रयास बिल्कुल न करें। तेलीबाँधा चौक का नाम बदलने का यह तानाशाही निर्णय पूरे समाज की अस्मिता को चुनौती देने जैसा है, जिसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
तत्काल निर्णय वापस लेने की मांग
साहू समाज के प्रतिनिधियों और युवा प्रकोष्ठ ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि जनभावनाओं और एक बड़े सामाजिक वर्ग के इतिहास का सम्मान करते हुए इस नाम परिवर्तन के फैसले को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए। यदि सरकार अपने फैसले पर अड़ी रहती है, तो समाज अपने हक और पुरखों के सम्मान की रक्षा के लिए उग्र आंदोलन को बाध्य होगा।



