दुर्ग। शहर के गांधी चौक निवासी भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता,पूर्व पार्षद एवं प्रतिष्ठित व्यवसायी चैनसुख (चैनू भैया) भट्टड़ का उपचार के दौरान 68 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन से भाजपा संगठन ही नहीं, बल्कि व्यापारिक, सामाजिक एवं धार्मिक क्षेत्र में भी शोक की लहर व्याप्त है। गुरुवार को उनके निवास हटरी बाजार से अंतिम यात्रा निकली,जो शिवनाथ नदी मुक्तिधाम पहुंची। अंतिम संस्कार में भाजपा, कांग्रेस सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधियों, व्यापारिक संगठनों, सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों तथा बड़ी संख्या में नागरिकों ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
स्वर्गीय चैनसुख भट्टड़ गंगाप्रसाद भट्टड़ के बड़े भाई तथा आशीष भट्टड़ के पिता थे। वे एक सफल एवं प्रतिष्ठित व्यवसायी होने के साथ-साथ भाजपा के समर्पित एवं कर्मठ नेताओं में गिने जाते थे। उन्होंने वर्ष 1994 में ब्राह्मणपारा वार्ड से पार्षद निर्वाचित होकर जनसेवा की तथा भाजपा में शहर अध्यक्ष, जिला महामंत्री, कोषाध्यक्ष सहित अनेक महत्वपूर्ण दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया। जनसंघ के दौर से स्वर्गीय मोहन भैया के मार्गदर्शन में सार्वजनिक जीवन की शुरुआत करते हुए उन्होंने संगठन को मजबूत करने में उल्लेखनीय योगदान दिया।
जानकारी के अनुसार, गत सप्ताह महाराष्ट्र में अपने रिश्तेदार के गृहप्रवेश कार्यक्रम में शामिल होने के दौरान नवनिर्मित मकान की सीढ़ी का एक हिस्सा अचानक उनके ऊपर गिर गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें अमरावती के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
चैनू भैया अपने सरल,सहज, मिलनसार एवं सेवाभावी व्यक्तित्व के कारण सभी वर्गों में अत्यंत लोकप्रिय थे। वे सदैव जरूरतमंदों की सहायता के लिए तत्पर रहते थे। भाजपा संगठन की मजबूती से लेकर पार्टी कार्यालय के निर्माण तक प्रत्येक कार्य में उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा। जीवन के अंतिम दिनों तक भी वे संगठन के कार्यक्रमों में सक्रिय रूप से उपस्थित रहे। व्यापारिक क्षेत्र में “भट्टड़ दुकान” के नाम से उनकी विशेष पहचान थी तथा वे व्यापारिक संगठनों के नेतृत्व से भी जुड़े रहे। इसके अलावा गांधी चौक स्थित श्रीराम मंदिर, बनियापारा मारुति मंदिर सहित अनेक धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों में उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।
उनके निधन पर भाजपा एवं कांग्रेस सहित विभिन्न राजनीतिक दलों, व्यापारिक संगठनों, सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए इसे समाज और भाजपा परिवार के लिए अपूरणीय क्षति बताया तथा दिवंगत आत्मा की शांति एवं शोकाकुल परिवार को यह असहनीय दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की।
अंतिम संस्कार में दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर,महापौर श्रीमती अलका बाघमार,भाजपा जिला अध्यक्ष सुरेंद्र कौशिक,प्रदेश भाजपा कार्यालय पूर्व मंत्री रजनीश शुक्ला,पूर्व विधायक अरुण वोरा,पूर्व महापौर आर एन वर्मा,प्रीतपाल बेलचंदन,शिव चंद्राकर, राजेश ताम्रकार, चतुर्भुज राठी,नरसिंग भूतड़ा,महेश्वरी समाज के अध्यक्ष अशोक राठी,शंभू पटेल,रत्नेश चंद्राकर,शिरीश अग्रवाल,मनोज अग्रवाल,दिलीप साहू दिनेश देवांगन,शिवेंद्र परिहार,मनोज सोनी राजेंद पाध्ये,पंडित काशीनाथ शर्मा,कांतिलाल जैन संदीप जैन,राजा दीवान,अनूप गटागट,प्रकाश देशलहरा,मूलचंद शर्मा,घनेन्द्र चंदेल,श्रीकांत समर्थ,ज्ञानेश्वर ताम्रकार,नीलेश अग्रवाल,अजय भट्ट,रजा खोखर,नितेश साहू,सजन जोसफ,जितेंद्र महोबिया,विनोद मून,विजय ताम्रकार,दिनेश मारोटी,विष्णु साहू,गौरव शर्मा,ओमप्रकाश पांडेय,दिनेश मिश्रा,अमजद अली अशोक कंदरा,दीपक सिन्हा सहित भाजपा, कांग्रेस एवं विभिन्न सामाजिक-व्यापारिक संगठनों के अनेक पदाधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।



