रायपुर। छत्तीसगढ़ विषय बाध्यता मंच के प्रदेश संयोजक ऋषि राजपूत, आनंद साहू एवं महेश धु्रव, नारायण साहू, लालमन पटेल, अमित ठाकुर, कविता वर्मा, वीणा गुप्ता ने संयुक्त प्रेस विज्ञप्ति जारी कर व्याख्याता पदोन्नति में बीएड के साथ डीएड को भी पदोन्नत करने मांग रखी है। तीन वर्ष का रिलैक्शेषन बीएड करने पदोन्नति बाद दिया जाना चाहिए, जैसे आर्ट्स को सहायक शिक्षक विज्ञान बनाकर 12वीं विज्ञान करने अवसर दिया दिया है। आरटीई 2009 में प्रशिक्षण अनिवार्य था। सरकार ने केंद्र बनाकर वर्ग दो को डीएलएड कराया था, नौकरी करते करते फिर बीएड कैसे हो सकती है, जबकि पत्राचार और विभागीय में इतनी सीटें सबके लिए नही है। 20 साल पढ़ाने का अनुभव डीएड वालों के पास है। व्याख्याता बनकर बीएड किया जा सकता है, फिर इतने साल सेवा देने के पुरूष्कार स्वरूप रिलैक्शेसन देना चाहिए।


